प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना 2026 – किसानों के लिए पूरी जानकारी (Complete & User-Friendly Guide)
परिचय
भारत एक कृषि प्रधान देश है, जहाँ करोड़ों किसानों की आजीविका खेती पर निर्भर करती है। लेकिन प्राकृतिक आपदाएँ जैसे सूखा, बाढ़, ओलावृष्टि, अतिवृष्टि, कीट रोग आदि हर साल किसानों की फसलों को भारी नुकसान पहुँचाती हैं। ऐसे में किसानों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से भारत सरकार ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PM Fasal Bima Yojana – PMFBY) की शुरुआत की।
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना क्या है?
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) भारत सरकार की एक प्रमुख कृषि बीमा योजना है, जिसके तहत किसानों की फसलों को प्राकृतिक आपदाओं, कीटों और रोगों से होने वाले नुकसान के खिलाफ बीमा सुरक्षा दी जाती है। इस योजना में किसानों को बहुत कम प्रीमियम देना होता है, जबकि शेष राशि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर वहन करती हैं।
PMFBY का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि फसल खराब होने की स्थिति में किसान पूरी तरह आर्थिक संकट में न फँसे और अगली फसल के लिए आत्मनिर्भर रह सकें।
योजना के उद्देश्य
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के प्रमुख उद्देश्य निम्नलिखित हैं:
प्राकृतिक आपदाओं से फसल नुकसान पर किसानों को आर्थिक सहायता देना
किसानों की आय में स्थिरता लाना
खेती में जोखिम को कम करना
किसानों को आधुनिक कृषि अपनाने के लिए प्रोत्साहित करना
कृषि क्षेत्र में सतत विकास को बढ़ावा देना
PM Fasal Bima Yojana के अंतर्गत कौन-सी फसलें कवर होती हैं?
इस योजना के अंतर्गत निम्न प्रकार की फसलें शामिल की जाती हैं:
🌾 खरीफ फसलें
धान
मक्का
बाजरा
कपास
सोयाबीन
🌾 रबी फसलें
गेहूं
चना
सरसों
जौ
🌾 वाणिज्यिक और बागवानी फसलें
गन्ना
आलू
प्याज
फल और सब्जियाँ (राज्य अधिसूचना के अनुसार)
👉 फसल सूची राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित की जाती है।
योजना के अंतर्गत बीमा जोखिम (Risks Covered)
PMFBY के अंतर्गत किसानों को निम्न जोखिमों से सुरक्षा मिलती है:
सूखा और अतिवृष्टि
बाढ़
ओलावृष्टि
चक्रवात
कीट और रोग
आग और प्राकृतिक आपदाएँ
इसके अतिरिक्त, कटाई के बाद होने वाले नुकसान को भी कुछ मामलों में कवर किया जाता है।
प्रीमियम दर (Premium Rates)
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की सबसे बड़ी विशेषता इसकी कम प्रीमियम दर है:
खरीफ फसल: 2%
रबी फसल: 1.5%
वाणिज्यिक/बागवानी फसलें: 5%
शेष प्रीमियम राशि केंद्र और राज्य सरकार द्वारा सब्सिडी के रूप में दी जाती है।
पात्रता मानदंड (Eligibility Criteria)
PM Fasal Bima Yojana का लाभ लेने के लिए:
किसान भारत का नागरिक होना चाहिए
खेती योग्य भूमि होनी चाहिए
फसल अधिसूचित क्षेत्र में बोई गई हो
किरायेदार और बटाईदार किसान भी पात्र हैं (राज्य नियमों के अनुसार)
आवश्यक दस्तावेज
आवेदन के समय निम्न दस्तावेज़ आवश्यक होते हैं:
आधार कार्ड
बैंक खाता विवरण
भूमि रिकॉर्ड / फसल बुवाई प्रमाण
मोबाइल नंबर
पासपोर्ट साइज फोटो
PM Fasal Bima Yojana के लाभ
💰 आर्थिक सुरक्षा
फसल खराब होने पर बीमा राशि सीधे किसान के बैंक खाते में जमा की जाती है।
📉 कम प्रीमियम
बहुत कम प्रीमियम देकर बड़ी बीमा सुरक्षा।
🔄 पारदर्शी प्रक्रिया
सैटेलाइट, ड्रोन और मोबाइल ऐप के माध्यम से नुकसान का आकलन।
🌱 खेती में आत्मविश्वास
किसान जोखिम से डरकर खेती छोड़ने के बजाय बेहतर योजना बना पाते हैं।
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया (Step-by-Step)
आधिकारिक PMFBY पोर्टल पर जाएँ
Farmer Corner पर क्लिक करें
New Farmer Registration चुनें
आधार और मोबाइल नंबर से सत्यापन करें
फसल और भूमि विवरण भरें
प्रीमियम राशि ऑनलाइन जमा करें
आवेदन सबमिट करें
फसल नुकसान की सूचना कैसे दें?
यदि फसल को नुकसान होता है, तो किसान को:
72 घंटे के भीतर सूचना देनी चाहिए
पोर्टल या मोबाइल ऐप का उपयोग करें
स्थानीय कृषि कार्यालय को जानकारी दें
क्लेम (बीमा दावा) कैसे मिलता है?
सरकार द्वारा नुकसान का आकलन किया जाता है
पात्र किसानों की सूची तैयार होती है
बीमा राशि DBT के माध्यम से खाते में भेजी जाती है
सामान्य समस्याएँ और समाधान
❌ क्लेम नहीं मिला?
आवेदन विवरण जाँचें
बैंक खाता और आधार लिंक सत्यापित करें
❌ नाम सूची में नहीं?
कृषि विभाग या CSC केंद्र से संपर्क करें
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
❓ क्या यह योजना सभी किसानों के लिए अनिवार्य है?
नहीं, यह स्वैच्छिक योजना है।
❓ क्या महिला किसान आवेदन कर सकती हैं?
हाँ, यदि भूमि उनके नाम है।
❓ क्लेम कब तक मिलता है?
आमतौर पर फसल कटाई के बाद कुछ महीनों में।
निष्कर्ष (Conclusion)
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना 2026 किसानों के लिए एक अत्यंत उपयोगी और सुरक्षा प्रदान करने वाली योजना है। यह योजना न केवल फसल नुकसान की भरपाई करती है, बल्कि किसानों को आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी भी बनाती है।
Author: Nishant
Website: theindianow.club


0 Comments